सत्य एवं समन्वय पर ईश्वर का आगमन जरूर होता है,,
देवास। नगर के महाराष्ट्र समाज परिसर में आयोजित संगीतमय श्रीमद भागवत महापुराण के पंचम दिवस कथाव्यास पं. डॉ. दीपेश पाठक ने गोवर्धन की पुजा की दिव्य कथा को विस्तार पूर्वक सुनाई। जिसे सुनकर श्रद्धालु भक्त भाव विभोर हो गए। बालकृष्ण की अनेकों बाल लीलाओं का वर्णन करने के पश्चात गोवर्धन पूजा एवं इंद्र के मन मर्दन की दिव्य कथा भी विस्तार से सुनाई। इस अवसर पर भगवान गिरिराज जी को छप्पन भोग के दर्शन कराए गए। उन्होंने यह भी बताया कि जहाँ सत्य एवं भक्ति का समन्वय होता है। वहाँ भगवान का आगमन अवश्य होता है। गाय की सेवा एवं महत्व को समझाते हुए बताया कि प्रत्येक सनातनी परिवार में गाय की सेवा अवश्य होनी चाहिए। क्योंकि गाय में 33 करोड़ देवी देवताओं का वास होता है। गाय का दूध अमृत के समान बताया कथा के दौरान सुंदर भजनों की प्रस्तुति दी गई। जिसे सुनकर भक्तों को झूमने एवं नृत्य करने को विवश कर दिया। तत्पश्चात छप्पन भोग के दिव्य प्रसाद का वितरण किया गया। प्रातःकाल समय नित्यकर्म अनुसार वैदिक पूजन अभिषेक आदि वेदिक कार्य वैदिक आचार्य नगरपुरोहित पँ मनीष पाठक के द्वारा संपन्न कराया गया। श्रीमद्भागवत कथा में विशेष अतिथि देवास विधायक गायत्री राजे पंवार , विधायक-महापौर प्रतिनिधि दुर्गेश अग्रवाल, अ.भा.ब्राह्मण महासंघ अध्यक्ष दिनेश मिश्रा, स्थापक छोटू पांडे, सुभाष पंड्या, रघुनन्दन समाधिया तथा वैश्य महासभा के संतोष विजयवर्गीय, अशोक सोमानी, प्रेस क्लब अध्यक्ष ललित शर्मा सचिव शेखर कौशल पूर्व अध्यक्ष अतुल बगलिकर मुकेश पांचाल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने श्रीमद्भागवत जी और व्यासपीठ को प्रणाम कर आशीर्वाद लिया। इस अवसर पर आयोजक श्री औदुम्बर वरिष्ठ नागरिक मंच द्वारा सभी का अभिनंदन स्वागत किया। छप्पन भोग का अर्पण संजय चौधरी द्वारा तथा श्री सतीश दुबे हिंगोनिया वालों की और से उपस्थित जन समुदाय के लिए भोजन प्रसादी की व्यवस्था की गई। तत्पश्चात व्यास पीठ की आरती एवं परिक्रमा कर प्रसाद का वितरण किया। इस उक्त धार्मिक आयोजन में नगर की माताए बहने बड़ी संख्या में उपस्थित उपस्थित थी। उक्त जानकारी मंच अध्यक्ष महेन्द्र उपाध्याय ने दी तथा आभार संयोजक जयन्त शर्मा ने व्यक्त किया।

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