ब्रह्म बंधुत्व संस्था का श्रावणी उपाकर्म सम्पन्न
देवास। रक्षा बंधन पर्व पर प्रति वर्ष आयोजित होने वाले श्रावणी उपाकर्म का आयोजन ब्रह्म बंधुत्व संस्था बीएनपी देवास द्वारा इस वर्ष भी किया गया। संस्था के संरक्षक संजय शुक्ला, अध्यक्ष घनश्याम पंडित एवं संगठन सचिव अंकित शर्मा ने बताया कि विप्र बंधुओं के वैदिक मानदण्ड, संकल्प और आत्मशुद्धि हेतु कृत संकल्पित परम्परा का पथ ही श्रावणी उपाकर्म है।
यह बहुत महत्वपूर्ण है और सभी दोषों के निवारणार्थ यह उपाकर्म, यज्ञोपवीत धारकों के लिए आवश्यक है। ानस भवन, शिव मंदिर राधागंज देवास में प्रात काल ब्रह्म बंधुओं का यह उपाकर्म प्रारंभ हुआ। विद्वान आचार्य पंडित अवधेश शास्त्री, पंडित गजेंद्र केष्टवाल एवं पंडित हेमंत शर्मा ने उपस्थित साधकों को शास्त्रोक्त विधि विधान से देव संकल्प, हिमाद्री स्नान, पापक्षय एवं प्रायश्चित कर्म , देव ,ऋषि एवं पितृ तर्पण एवं ऋषि पूजन कराया। आत्म शुद्धि और शरीर शुद्धिकरण के बाद सभी साधकों को नवीन यज्ञोपवीत धारण कराया गया। संस्था के संरक्षक संजय शुक्ला द्वारा काशी विश्वनाथ एवं बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन से विशेष तौर पर मंगाई गई यज्ञोपवीत सभी को भेंट की गई। स्वाध्याय संकल्प के पश्चात उपाकर्म पूर्ण हुआ। देव,वेद,ऋषि पूजन के बाद वेद माता गायत्री की आरती की गई। सभी साधकों ने आचार्यवृत को यथाशक्ति दक्षिणा एवं यज्ञोपवीत अर्पित की। पूर्णाहुति पश्चात सभी उपस्थित समुदाय को केशर दूध और केले का फलाहार करवाया गया। साधकों में महेंद्र शर्मा, राम पदारथ मिश्रा,महेन्द्र स्थापक, मुकेश जोशी, जगदीश कानूनगो,मधु सूदन शर्मा, नरेन्द्र नागर, प्रवीण दुबे, दिनेश कचोले, सी एस दुबे, अभिषेक तिवारी आदि उपस्थित थे। इसे सफल बनाने में दिनेश जोशी, डी.पी.शुक्ला, मांगीलाल तिवारी, राधेश्याम तिवारी, प्रतीक पंडित, राज कुमार शर्मा एवं कमलेश शर्मा का विशेष योगदान रहा। इस अवसर पर विशेष तौर अ.भा.ब्राह्मण महासंघ के अध्यक्ष दिनेश मिश्रा ने सभी उपस्थित साधकों एवं सहयोग कर्ता बंधुओं को धन्यवाद ज्ञापित किया एवं ऐसे संस्कारी कार्यक्रम में उपस्थित हुए युवा वर्ग की सराहना की। यह जानकारी मीडिया प्रमुख अशोक चौबे द्वारा दी गई ।
0 Comments