Header Ads Widget

Responsive Advertisement

Recent Updates

6/recent/ticker-posts

महीनों बाद भी नहीं मिली किताबें और सिलेबस, छात्रों ने प्राचार्य कक्ष के बाहर दिया धरना

महीनों बाद भी नहीं मिली किताबें और सिलेबस, छात्रों ने प्राचार्य कक्ष के बाहर दिया धरना

देवास। प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस में शैक्षणिक सत्र शुरू हुए तीन से चार माह बीत जाने के बावजूद छात्रों को पाठ्यक्रम और आवश्यक पुस्तकों की जानकारी एवं उपलब्धता नहीं होने का आरोप लगाते हुए एनएसयूआई ने बुधवार को कॉलेज प्रशासन के खिलाफ अनोखा प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया। एनएसयूआई जिलाध्यक्ष श्रीकांत चौहान के नेतृत्व में छात्र कागज की नकली बंदूकें लेकर कॉलेज की लाइब्रेरी पहुंचे और प्रशासन की व्यवस्थाओं के खिलाफ विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शन के दौरान एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने प्रतीकात्मक रूप से सवाल उठाया कि जब शिक्षा के मंदिर में छात्रों के लिए कलम और किताबों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है तो आखिर छात्र क्या करें। संगठन का आरोप है कि कॉलेज प्रशासन की लापरवाही के कारण आज तक विद्यार्थियों को स्पष्ट रूप से यह जानकारी नहीं मिल पाई है कि उन्हें कौन-सा पाठ्यक्रम पढ़ना है। वहीं लाइब्रेरी में भी आवश्यक विषयों की पर्याप्त पुस्तकें उपलब्ध नहीं हैं। एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने कहा कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। प्रदर्शन के दौरान लाइब्रेरी प्रभारी डॉ. जैन से छात्रों ने अपनी समस्याओं को लेकर चर्चा की, लेकिन उनके जवाबों से असंतुष्ट छात्र प्राचार्य कक्ष के बाहर धरने पर बैठ गए। प्रदर्शन में विशेष रूप से शामिल एनएसयूआई के पूर्व छात्र नेता जितेंद्र सिंह गौड़ ने कॉलेज प्रशासन को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि कॉलेज प्रशासन की तानाशाही और घोर लापरवाही अब बर्दाश्त से बाहर हो चुकी है। महीनों बीत जाने के बाद भी छात्रों को किताबें और सिलेबस उपलब्ध नहीं कराना उनके पूरे शैक्षणिक वर्ष और भविष्य को अंधकार में धकेलने जैसा है। एनएसयूआई छात्रों के अधिकारों की इस लड़ाई को मुकाम तक पहुंचाकर ही दम लेगी। एनएसयूआई जिला अध्यक्ष श्रीकांत चौहान ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि हर वर्ष निजी प्रकाशकों और निजी लाइब्रेरियों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से सिलेबस में बदलाव किया जाता है। इसके बाद जब छात्र कॉलेज पहुंचते हैं तो उन्हें न तो स्पष्ट पाठ्यक्रम मिलता है और न ही आवश्यक पुस्तकें उपलब्ध कराई जाती हैं। एनएसयूआई ने कॉलेज प्रशासन के समक्ष तीन प्रमुख मांगें रखीं। इनमें छात्रों को तत्काल पूर्ण कोर्स एवं सिलेबस की स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराना, लाइब्रेरी में सभी विषयों की पर्याप्त पुस्तकें उपलब्ध कराना तथा छात्रों के शैक्षणिक सत्र और भविष्य के साथ हो रहे खिलवाड़ पर तत्काल रोक लगाना शामिल है। संगठन ने कॉलेज प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि मांगों को शीघ्र पूरा नहीं किया गया तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी कॉलेज प्रशासन की होगी। प्रदर्शन में एनएसयूआई जिला अध्यक्ष श्रीकांत चौहान, पूर्व छात्र नेता जितेंद्र सिंह गौड़, पूर्व एनएसयूआई जिला अध्यक्ष हर्ष प्रताप सिंह, राजा धाकड़, धर्मेंद्र सिंह चौहान, सोहन मंडलोई, यशवंत कुशवाहा, मनजीत ठाकुर, विशाल बामनिया, जयदीप रायपुरिया, राहुल ठाकुर, आशीष धाकड़, प्रिंस घर प्रतापी, संजय बोडाना, आशीष अमरावती, उज्जवल कुंभकार, अजय मालवीय, चेतन धाकड़, दीपक धाकड़, अजय बामनिया सहित बड़ी संख्या में एनएसयूआई पदाधिकारी एवं छात्र नेता उपस्थित थे।

Post a Comment

0 Comments

Join Our WhatsApp Group? for latest and breaking news updates...
Click here to join the group...